बूंदी महोत्सव 2025 के तहत शनिवार को नवल सागर झील के किनारे ‘डेजर्ट सिंफनी’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान कलाकारों ने राजस्थानी लोक कला की जीवंत प्रस्तुतियां दीं, जिससे पूरा माहौल राजस्थानी संस्कृति के रंगों से सराबोर हो गया। देर रात तक चले इस कार्यक्रम में राजस्थानी गीतों और नृत्यों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। कार्यक्रम में जिला कलक्टर अक्षय गोदारा, पुलिस अधीक्षक राजेन्द्र कुमार मीणा, नगर परिषद सभापति सरोज अग्रवाल, अतिरिक्त जिला कलक्टर रामकिशोर मीणा और जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी रवि वर्मा सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। उन्होंने कलाकारों का उत्साहवर्धन किया। सांस्कृतिक संध्या का मुख्य आकर्षण प्रसिद्ध मांगणियार लोक कलाकार भुट्टे खान और उनके दल की प्रस्तुति रही। भुट्टे खान ने अपनी मधुर आवाज और सुर-ताल के बेजोड़ संगम से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। उन्होंने ‘बालम जी म्हारा झिर मीर बरसे मेघ’ और ‘म्हारो जलालो बिलालो’ जैसे पारंपरिक राजस्थानी गीतों से समां बांधा। कलाकारों के दल ने ‘मैं निकला गाड़ी लेकर’ गीत को नए अंदाज में प्रस्तुत कर खूब वाहवाही बटोरी। लोकगीतों के साथ-साथ देशभक्ति का रंग भी देखने को मिला, जब कलाकारों ने ‘वंदे मातरम’ की प्रस्तुति दी। इसके पश्चात, ‘म्हारी घूमर छै नखराली’ और ‘निम्बूडा निम्बूडा’ जैसे गीतों पर लोक कलाकारों ने आकर्षक घूमर नृत्य प्रस्तुत किया, जिसने पूरे माहौल को राजस्थानी रंग में रंग दिया। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमा शर्मा, उपखंड अधिकारी लक्ष्मीकांत मीणा, पर्यटन विभाग के विकास पांड्या, पर्यटन अधिकारी प्रेम शंकर सैनी सहित सैकड़ों की संख्या में स्थानीय लोग और पर्यटक उपस्थित थे।